पल्लव राजवंश का राजनीतिक इतिहास (Political History of Pallava Dynasty)

आंध्र-सातवाहनों के पतन के बाद दक्षिण में उदित होने वाले राजवंशों में पल्लवों का विशिष्ट स्थान है, जिन्होंने कृष्णा और गोदावरी नदियों के…

बनवासी का कदंब राजवंश (345-540 ईस्वी) (Kadamba Dynasty of Banavasi)

चालुक्य राजवंश कदंब राजवंश प्राचीन भारत का एक राजसी ब्राह्मण परिवार था, जिसने चतुर्थ शताब्दी ईस्वी के मध्य से लेकर छठीं शताब्दी ईस्वी…

राष्ट्रकूट राजवंश का राजनीतिक इतिहास (Political History of Rashtrakuta Dynasty)

जेजाकभुक्ति (बुंदेलखंड) के चंदेल  राष्ट्रकूट राजवंश ने लगभग दो सौ वर्षों से अधिक समय तक भारतीय उपमहाद्वीप के एक बड़े भूभाग पर शासन…

राष्ट्रकूट राजवंश का पतन: खोट्टिग, कर्क द्वितीय और इंद्र चतुर्थ (Fall of Rashtrakuta Dynasty: Khotig, Karka II and Indra IV)

राष्ट्रकूट राजवंश का राजनीतिक इतिहास  खोट्टिग (967-972 ई.) करहद अभिलेख (शक संवत् 894) के अनुसार कृष्ण तृतीय की मृत्यु के बाद कुंदकदेवी से…

राष्ट्रकूट शासक कृष्ण तृतीय (Rashtrakuta Ruler Krishna III, 939-967 AD)

राष्ट्रकूट राजवंश का राजनीतिक इतिहास  अमोघवर्ष तृतीय के बाद उसका ज्येष्ठ पुत्र और युवराज कृष्ण तृतीय 939 ई. में राष्ट्रकूट राजवंश की गद्दी…

राष्ट्रकूट शासक अमोघवर्ष द्वितीय, गोविंद चतुर्थ और अमोघवर्ष तृतीय (Rashtrakuta Rulers Amoghavarsha II, Govind IV and Amoghavarsha III, 929-939 AD)

अमोघवर्ष द्वितीय (929-930 ई.) इंद्र तृतीय के पश्चात् उसका ज्येष्ठ पुत्र अमोघवर्ष द्वितीय 928 ई. के आसपास मान्यखेट के राष्ट्रकूट वंश का राजा…